Elon Musk की दो बड़ी कंपनियों का हो सकता है विलय, $3.5 ट्रिलियन की डील से मचेगी हलचल!

Share

Elon Musk SpaceX Tesla Merger News: दुनिया के सबसे चर्चित कारोबारी एलन मस्क अपनी दो बड़ी कंपनियों SpaceX और Tesla को एक साथ लाने की तैयारी कर रहे हैं। मस्क ने इस सप्ताह बताया कि दोनों कंपनियों ने संभावित विलय की समीक्षा के लिए विशेष समितियां बनाई हैं। अगर यह सौदा आगे बढ़ता है, तो करीब 3.5 ट्रिलियन डॉलर की संयुक्त वैल्यू वाली यह डील कॉरपोरेट इतिहास का सबसे बड़ा सौदा बन सकती है।

क्या करती है SpaceX?

एलन मस्क ने 2002 में SpaceX की स्थापना की थी। इसका मकसद अंतरिक्ष में जाने की लागत कम करना और भविष्य में इंसानों को मंगल ग्रह तक पहुंचाना था।

आज SpaceX अंतरिक्ष क्षेत्र की प्रमुख कंपनियों में शामिल है। इसके दोबारा इस्तेमाल किए जा सकने वाले Falcon 9 रॉकेट वैश्विक लॉन्च बाजार में दबदबा रखते हैं। SpaceX का Dragon कैप्सूल NASA के अंतरिक्ष यात्रियों को इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन पहुंचाने का काम करता है। वहीं, कंपनी का Starlink सैटेलाइट नेटवर्क दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में इंटरनेट सेवाएं देता है।

हाल के वर्षों में SpaceX का कारोबार रॉकेट और सैटेलाइट तक सीमित नहीं रहा है। फरवरी में कंपनी ने मस्क के आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस स्टार्टअप xAI को अपने साथ मिला लिया था। xAI अपने Grok चैटबॉट के लिए जाना जाता है और 2025 में इसने सोशल नेटवर्क X का अधिग्रहण किया था।

SpaceX इस साल रिकॉर्ड स्तर की लिस्टिंग के साथ शेयर बाजार में उतरी और अब इसकी वैल्यू करीब 2 Trillion dollars आंकी गई है। कंपनी की हालिया ग्रोथ का एक बड़ा हिस्सा दूसरी AI कंपनियों को डेटा सेंटर की कंप्यूटिंग क्षमता किराये पर देने से आया है।

Tesla की रणनीति में क्या बदलाव आया है?

Tesla की स्थापना 2003 में हुई थी। एलन मस्क के 2008 में CEO बनने के बाद कंपनी दुनिया की सबसे चर्चित इलेक्ट्रिक कार निर्माता कंपनियों में शामिल हो गई। फिलहाल इसकी वैल्यू करीब 1.5 ट्रिलियन डॉलर है।

Tesla के पारंपरिक कार कारोबार को चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में एलन मस्क अब कंपनी की भविष्य की योजनाओं में सेल्फ-ड्राइविंग रोबोटैक्सी और Optimus ह्यूमनॉइड रोबोट को प्रमुखता दे रहे हैं। संभावित विलय से इन तकनीकों और SpaceX की अंतरिक्ष एवं AI क्षमताओं को एक ही कॉरपोरेट समूह के तहत लाने का रास्ता खुल सकता है।

आखिर दोनों कंपनियों को मिलाने की जरूरत क्यों?

मंगलवार को विश्लेषकों से बातचीत के दौरान मस्क ने कहा कि दोनों कंपनियों का विलय एक अच्छा विचार होगा। इंजीनियरिंग कंसल्टेंसी Envorso के फ्लोरियन फ्रिशमुथ के मुताबिक, संयुक्त कंपनी AI से जुड़े तीन अहम संसाधनों—चिप्स, ऊर्जा और कनेक्टिविटी—पर केंद्रीकृत नियंत्रण स्थापित कर सकती है।

वहीं, CFRA Research के गैरेट नेल्सन ने अपने विश्लेषण में कहा कि इतने बड़े सौदे के मुकाबले दोनों कंपनियों के बीच संभावित तालमेल से मिलने वाला फायदा सीमित हो सकता है। उनके अनुसार, इस विलय का मुख्य उद्देश्य नियंत्रण हासिल करना हो सकता है।

मस्क की दोनों कंपनियों में हिस्सेदारी भी इस चर्चा का अहम पहलू है। SpaceX में उनके पास करीब 82% वोटिंग पावर है, जबकि Tesla में यह हिस्सेदारी लगभग 20% है। Tesla में उनके फैसलों को लेकर निवेशकों की ओर से सवाल उठाए गए हैं और मुकदमे भी हुए हैं।

क्या आसानी से मंजूर हो जाएगी इतनी बड़ी डील?

कई विश्लेषकों को उम्मीद है कि विलय हो सकता है। Yorkville Ives के डैन आइव्स ने AFP से कहा कि उनकी राय में मस्क के इस विषय पर चर्चा करने के बाद सवाल यह रह गया है कि सौदा कब होगा, न कि यह होगा भी या नहीं।

उन्होंने 2027 की शुरुआत तक विलय होने की संभावना 90% बताई। उनके मुताबिक, सौदे को मंजूरी दिलाने के लिए Tesla के शेयर की कीमत 500 डॉलर से ऊपर होना भी जरूरी हो सकता है।

हालांकि, मस्क ने स्पष्ट किया कि विलय की गारंटी नहीं है। इसके लिए Tesla के कुल शेयरों के बहुमत का समर्थन जरूरी होगा। उन्होंने इसे एक काफी कठिन शर्त बताया।

नेल्सन के अनुसार, Tesla के करीब 25% से 27% शेयर खुदरा निवेशकों के पास हैं, जिनमें से कई मस्क के समर्थक हैं। मस्क की अपनी हिस्सेदारी को जोड़ने पर सौदे को मंजूरी दिलाने के लिए संस्थागत निवेशकों के एक छोटे हिस्से का समर्थन पर्याप्त हो सकता है।

कोलोराडो विश्वविद्यालय की कानून प्रोफेसर ऐन लिप्टन के मुताबिक, कानूनी स्तर पर बड़ी बाधाएं कम दिखाई देती हैं। इसकी एक वजह यह है कि दोनों कंपनियों ने अपना कॉरपोरेट पंजीकरण डेलावेयर से टेक्सास स्थानांतरित कर लिया है।

टेक्सास के कानूनों के तहत किसी सौदे को अदालत में चुनौती देने वाले शेयरधारकों को पहले धोखाधड़ी या जानबूझकर किए गए गलत काम के सबूत पेश करने होते हैं। इसके अलावा, कंपनियां कुछ प्रकार के मुकदमे दायर करने के लिए न्यूनतम 3% शेयरहोल्डिंग की शर्त भी लागू कर सकती हैं। कि उन्हें केवल कम से कम 3% शेयर रखने वाले निवेशक ही दायर करें।

SpaceX के मामले में 3% हिस्सेदारी की कीमत करीब 60 अरब डॉलर बैठती है। लिप्टन के अनुसार, कॉरपोरेट स्तर पर मस्क के लिए विलय को आगे बढ़ाने में ज्यादा परेशानी नहीं होनी चाहिए।

SpaceX

अमेरिकी सरकार और चीन बन सकते हैं बड़ी चुनौती

कानूनी मंजूरियों के अलावा, इस संभावित विलय के सामने कुछ महत्वपूर्ण जोखिम भी हैं। लिप्टन के मुताबिक, बड़ी चुनौतियां SpaceX की अमेरिकी सरकार के लिए अहम भूमिका और Tesla के चीन में कारोबार से जुड़ी हैं।

SpaceX को NASA और पेंटागन से मिलने वाले कॉन्ट्रैक्ट पर काफी निर्भर रहना पड़ता है। वहीं, मस्क ने Republican Party के चुनाव अभियानों में करोड़ों डॉलर लगाए हैं। विश्लेषकों का कहना है कि अगर Democratic Party दोबारा वॉशिंगटन में सत्ता में आते हैं, तो मस्क की कंपनियों के खिलाफ जांच फिर शुरू हो सकती है। ऐसी स्थिति में SpaceX के लिए सरकारी कॉन्ट्रैक्ट हासिल करना आगे चलकर मुश्किल हो सकता है।

मस्क ने भी चेतावनी दी है कि सत्ता में लौटने पर डेमोक्रेट्स को उन्हें निशाना नहीं बनाना चाहिए। X पर Democratic की ओर से मध्यावधि चुनाव जीतने की स्थिति में उनकी गतिविधियों की जांच की योजनाओं से जुड़ी एक रिपोर्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने लिखा, “तलवार से जियो, तलवार सेमरो।”

Tesla का चीन में बड़ा मैन्युफैक्चरिंग नेटवर्क भी राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े सवाल खड़े कर सकता है।

JPMorgan के विश्लेषकों ने एक संभावितविकल्प सुझाया है। उनके मुताबिक, Tesla के चीन कारोबार को अलग रखा जा सकता है या उसका नियंत्रण चीन स्थित किसी कंसोर्टियम को सौंपा जा सकता है। यह व्यवस्था अमेरिका में TikTok के लिए अपनाए गए मॉडल जैसी हो सकती है।

आगे क्या होगा?

SpaceX और Tesla का संभावित विलय अंतरिक्ष, इलेक्ट्रिक वाहनों और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे क्षेत्रों को एक बड़े कारोबारी समूह के तहत ला सकता है। लेकिन करीब 3.5 ट्रिलियन डॉलर की इस संभावित डील को आगे बढ़ाने के लिए Tesla के शेयरधारकों की मंजूरी और अन्य जरूरी प्रक्रियाएं अहम होंगी।

फिलहाल मस्क ने साफ किया है कि सौदा निश्चित नहीं है। ऐसे में निवेशकों और बाजार की नजर इस बात पर रहेगी कि दोनों कंपनियों की विशेष समितियां समीक्षा के बाद क्या फैसला लेती हैं।

Next Post

Siyaram Recycling को दुबई से मिला ₹8.71 करोड़ का बड़ा ऑर्डर, 30 दिनों में करना होगा पूरा

Share

Siyaram Recycling Order: Siyaram Recycling Industries Limited ने दुबई की कंपनी Green Metals FZCO से ब्रास बिलेट्स (Brass Billets) की आपूर्ति के लिए ₹8.71 करोड़ से ज्यादा का ऑर्डर हासिल किया है। कंपनी ने 28 अक्टूबर 2026 को BSE को दी गई जानकारी में इस ऑर्डर की घोषणा की।

दुबई की कंपनी से मिला ₹8.71 करोड़ का ऑर्डर

कंपनी की ओर से जारी आधिकारिक सूचना के मुताबिक, Green Metals FZCO, दुबई, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने Siyaram Recycling Industries Limited को ब्रास बिलेट्स के लिए यह ऑर्डर दिया है। ऑर्डर की कुल कीमत ₹8,71,37,263.24 है, यानी करीब ₹8.71 करोड़।

कंपनी ने यह जानकारी SEBI के Listing Obligations and Disclosure Requirements Regulations, 2015 के Regulation 30 के तहत BSE Limited को दी है। कंपनी का स्क्रिप कोड 544047 है, जबकि ISIN INE0QSK01017 है।

30 दिनों के भीतर पूरा करना होगा ऑर्डर

कंपनी की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, यह एक अंतरराष्ट्रीय ऑर्डर है और इसकी प्रकृति फिक्स्ड कॉस्ट (Fixed Cost) है। ऑर्डर को 30 दिनों के भीतर पूरा किया जाना है।

दस्तावेज में यह भी स्पष्ट किया गया है कि ऑर्डर देने वाली कंपनी में Siyaram Recycling के प्रमोटर, प्रमोटर ग्रुप या ग्रुप कंपनियों की कोई हिस्सेदारी या रुचि नहीं है। साथ ही, यह सौदा संबंधित पक्षों के बीच होने वाला लेनदेन (Related Party Transaction) नहीं है।

Siyaram Recycling को दुबई से मिला ₹8.71 करोड़ का बड़ा ऑर्डर

कंपनी ने BSE को दी जानकारी

Siyaram Recycling Industries Limited के मैनेजिंग डायरेक्टर भावेश रामगोपाल माहेश्वरी ने 28 अक्टूबर 2026 को कंपनी की ओर से इस सूचना पर हस्ताक्षर किए। कंपनी ने SEBI के नियमों के तहत ऑर्डर से जुड़ी जरूरी जानकारी नियामकीय एक्सचेंज को उपलब्ध कराई है।

डिस्क्लेमर: यह खबर कंपनी द्वारा BSE को दी गई आधिकारिक सूचना पर आधारित है। इसमें किसी निवेश सलाह या शेयर खरीदने-बेचने की सिफारिश का उद्देश्य नहीं है।

Also Read :- https://newzdig.com/how-modi-adani-video-court-order/

Next Post

Loading more posts...